March 24, 2020

मंदिरों में न लगाएं भीड़,करें घर पर ही पूजा

मुख्य बातें

  • कोरोना से बचाव के लिए जरूरी है सामाजिक दूरी
  • सावधानी ही है एकमात्र बचाव

झांसी : कोरोना वायरस के दिन प्रतिदिन बढ़ते मरीज चिंता का विषय बने हुये है। ऐसे समय में बिना जन सहयोग के इस बीमारी के प्रसार पर रोक नही लग सकती है।

नवरात्रि की शुरुआत बुधवार से होने जा रही है, इस अवसर पर जरूरी है कि सामाजिक दूरी के महत्व को समझते हुये मंदिरों में भीड़ न लगाएं, यह कहना है मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ॰ जी के निगम का।

डॉ॰ निगम ने नवरात्रि पर सभी नगर वासियों से अपील की, कि इस संकट के समय माता की पूजा अर्चना घर पर ही करके उनसे प्रार्थना करे और मंदिरों में एकत्रित न हो।

जैसा कि सबको पता है कि कोरोना एक संक्रामक बीमारी है जो एक मनुष्य से दूसरे मनुष्य में फ़ैल सकती है। विभाग इसके प्रसार को रोकने के लिए दिन रात मेहनत कर रहा है।

बीमारी के प्रति सबसे प्रमुख बाते यह है कि यह एक संक्रामक बीमारी है और इसके लक्षण सामान्य सर्दी जुकाम जैसे ही है, साथ ही इसका कोई इलाज़ नही है।

लोग सामाजिक दूरी पर विशेष ध्यान दे एवं धार्मिक स्थलों आदि पर अनावश्यक भीड़ न लगाए। ऐसे में यह बहुत जरूरी है कि अपने घर में खुद सुरक्षित रहे और बाहर न निकलकर दूसरों को भी सुरक्षित रखे।

संक्रामण से बचने बचाने के लिए प्रत्यक्ष रूप से दूरी बना कर रखे और एक दूसरे का मनोबल बढाते हुये घर पर रहकर जिम्मेदार नागरिक के कर्तव्यों का निर्वाहन करे।

कोरोना वायरस से बचाव के चार प्रमुख संदेश
• हाथों को साबुन और पानी से धोते रहें
• खाँसते और छीकते समय अपने नाक और मुंह को टिशु या रुमाल से ढके
• चेहरे, आँख, नाक, मुंह को बार बार न छुएं
• ज्यादा भीड़ भाड़ वाली जगह पर न जाएं, खांसी जुकाम वाले मरीजों से तीन फुट की दूरी बनाए रखे